श्री पोन्नडिक्काल जीयर
श्रीः श्रीमते रामानुजाय नमः श्रीमते वरवरमुनये नमः श्रीमते वानाचलमहामुनये नमः हमने अपने पूर्व अनुच्छेद मे श्री अळगिय मणवाळ मामुनि के जीवन चरित्र की चर्चा की थी । आज हम आगे बढ़ते हुए श्री पोन्नडिक्काल जीयर के जीवन की चर्चा करेंगे जो अपने आचार्य मनवाल मामुनिगल के प्राण सुकृत थे। पोन्नडिक्काल जीयर – वानमामलै पोन्नडिक्काल जीयर … Read more